जिला चिकित्सालय उत्तरकाशी में रक्तदान शिविर का सफल आयोजन
शिविर में कुल 21 रक्तदाताओं ने स्वेच्छा से रक्तदान कर महादान की मिसाल पेश की। वहीं, 40 रक्तदाताओं ने पंजीकरण कर भविष्य में रक्तदान करने का संकल्प लिया।

उत्तरकाशी। 22 अगस्त 2025: आज शुक्रवार को प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय, जोशियाडा की ओर से जिला चिकित्सालय उत्तरकाशी में एक भव्य रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस आयोजन की अध्यक्षता मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. बी.एस. रावत एवं प्रमुख अधीक्षक डॉ. पी.एस. पोखरियाल ने की। इस अवसर पर संस्था की प्रतिनिधि दीदी बी.के. प्रीति ने शिविर का संचालन करते हुए उपस्थित लोगों को रक्तदान के महत्व और उसकी पावनता से अवगत कराया।

शिविर में कुल 21 रक्तदाताओं ने स्वेच्छा से रक्तदान कर महादान की मिसाल पेश की। वहीं, 40 रक्तदाताओं ने पंजीकरण कर भविष्य में रक्तदान करने का संकल्प लिया। यह पहल न केवल जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाएगी बल्कि आपात स्थिति में ज़रूरतमंद मरीजों की जान बचाने में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. बी.एस. रावत ने कहा कि “रक्तदान सबसे बड़ा मानव सेवा का कार्य है। एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद मरीज के जीवन को बचा सकता है। आज इस शिविर में युवाओं से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक ने बढ़-चढ़कर भाग लिया, यह समाज के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण है।” प्रमुख अधीक्षक डॉ. पी.एस. पोखरियाल ने रक्तदाताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि “रक्तदान शिविर से जिला अस्पताल के रक्त भंडार को सुदृढ़ बनाने में मदद मिलेगी।

इस तरह के शिविर समय-समय पर होते रहने चाहिए ताकि किसी भी मरीज को रक्त की कमी न झेलनी पड़े। यह पहल धराली हर्षिल आपदा के दृष्टिगत भी बहुत महत्वपूर्ण है” दीदी बी.के. प्रीति ने रक्तदान को “मानवता का सर्वोच्च धर्म” बताते हुए कहा कि ब्रह्माकुमारी संस्था हमेशा समाजहित के कार्यों में आगे रही है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे नियमित रूप से रक्तदान कर समाज की सेवा में योगदान दें।

शिविर में शामिल रक्तदाताओं ने भी अपने अनुभव साझा किए। कई लोगों ने पहली बार रक्तदान करते हुए बताया कि उन्हें गर्व है कि उनके रक्त की कुछ बूंदें किसी की जिंदगी बचाने में मददगार होंगी। वहीं अनुभवी रक्तदाताओं ने कहा कि रक्तदान से न केवल दूसरों को जीवन मिलता है बल्कि दाता का स्वास्थ्य भी बेहतर रहता है।
शिविर में जिला चिकित्सालय की स्वास्थ्य टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। रक्तदान प्रक्रिया को सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने के लिए डॉक्टरों, नर्सिंग अधिकारीयों और तकनीशियनों ने पूरी तत्परता से कार्य किया। साथ ही, रक्तदाताओं को प्रमाण पत्र एवं सम्मान स्वरूप आभार-पत्र भी प्रदान किए गए। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, ब्रह्माकुमारी संस्था के सदस्य और स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे। शिविर के समापन पर सभी रक्तदाताओं एवं पंजीकृत स्वयंसेवकों को भविष्य में भी इस नेक कार्य से जुड़े रहने के लिए प्रेरित किया गया।
निस्संदेह, यह रक्तदान शिविर न केवल उत्तरकाशी जनपद के लिए बल्कि पूरे समाज के लिए एक प्रेरणादायक पहल है, जो यह संदेश देता है कि “रक्तदान जीवनदान है और यह मानवता की सबसे बड़ी सेवा है।” जिला चिकित्सालय के रक्त-कोष अनुभाग के प्रभारी श्री मनोज नौटियाल एवं अरविन्द मटूडा, (लैब तकनीशियन-प्रदीप चौहान, श्री हेमंत नौटियाल), (नर्सिंग अधिकारी-श्री कुलदीप सोमाड़ी,श्री कुरियन जॉय, श्रीमती ललिता राणा)श्रीमती शैलेन्द्री सेमवाल एवं जन संपर्क अधिकारी श्री गिरीश उनियाल मौजूद रहे!




